जमाकर्ताओं को बड़ी राहत देते हुए इलाहाबाद हाईकोर्ट ने एक महत्वपूर्ण फैसले में कहा है कि बैंक एफडीआर (FDR) जारी होने के बाद अपने आंतरिक सर्कुलर या दिशानिर्देशों का पूर्वव्यापी प्रभाव (retrospectively) से हवाला देकर ब्याज दरों में एकतरफा कटौती नहीं कर सकता है। न्यायमूर्ति अजीत कुमार और न्यायमूर्ति स्वरूपमा चतुर्वेदी की खंडपीठ ने स्पष्ट
