मुंबई-अहमदाबाद हाईवे हादसा: ठाणे एमएसीटी ने घायल ट्रक चालक को ₹23.27 लाख मुआवजा देने का आदेश दिया

महाराष्ट्र के ठाणे जिले की मोटर दुर्घटना दावा अधिकरण (MACT) ने एक 47 वर्षीय ट्रेलर चालक को ₹23.27 लाख का मुआवजा, 9 प्रतिशत वार्षिक ब्याज सहित, देने का आदेश दिया है। यह आदेश न्यू इंडिया एश्योरेंस कंपनी लिमिटेड को दिया गया है, जिसे पहले मुआवजा राशि का भुगतान करना होगा, जबकि कंपनी को यह राशि कंटेनर ट्रक के मालिक से वसूलने का अधिकार दिया गया है।

एमएसीटी सदस्य आर. वी. मोहिते ने यह आदेश 1 नवंबर को पारित किया, जिसकी प्रति मंगलवार को उपलब्ध कराई गई।

दावेदार गुलहसन इकबालुद्दीन खान, जो पेशे से ट्रेलर चालक हैं, ने गोल्डन कैरिंग कॉर्पोरेशन और बीमा कंपनी के खिलाफ मुआवजा दावा दायर किया था।

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6 मई 2021 की रात को पालघर जिले के माणोर गांव के पास मुंबई-अहमदाबाद हाईवे पर यह हादसा हुआ, जब खान का ट्रेलर उस कंटेनर ट्रक से टकरा गया जो कथित रूप से “तेज़ी से मुड़ा और बिना कोई संकेत दिए अचानक रुक गया।”

अदालत ने पाया कि दुर्घटना के लिए दोनों चालक जिम्मेदार थे। कंटेनर ट्रक चालक ने मोड़ लेते समय अचानक ब्रेक लगाकर यातायात नियमों का उल्लंघन किया, जबकि दावेदार ने सामने चल रहे वाहन से “पर्याप्त दूरी” नहीं रखी, जो Rules of the Road Regulations, 1989 के तहत आवश्यक है।

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अदालत ने कहा—

“दावेदार ने भी सामने चल रहे वाहन से पर्याप्त दूरी नहीं रखी, जिससे टक्कर से बचा जा सकता था; इसलिए वह आंशिक रूप से दोषी है।”

डॉक्टरों ने खान की स्थायी आंशिक विकलांगता 58 प्रतिशत और व्यावसायिक अक्षमता 100 प्रतिशत आंकी थी। हालांकि, न्यायाधिकरण ने कार्यात्मक विकलांगता को केवल 40 प्रतिशत माना, यह कहते हुए कि खान ने अपनी नौकरी समाप्त होने का कोई पत्र प्रस्तुत नहीं किया जिससे पूर्ण आय हानि सिद्ध हो सके।

अदालत ने यह भी पाया कि गोल्डन कैरिंग कॉर्पोरेशन ने बीमा पॉलिसी की शर्तों का उल्लंघन किया, क्योंकि दुर्घटना के दिन उसके चालक के पास भारी मालवाहक वाहन चलाने का वैध ड्राइविंग लाइसेंस नहीं था।

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इस कारण से, बीमा कंपनी को पहले दावेदार को मुआवजा देने और बाद में उक्त राशि वाहन मालिक से वसूलने का अधिकार दिया गया।

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