नेशनल सिक्योरिटी एक्ट (NSA) के तहत असम की डिब्रूगढ़ जेल में बंद खडूर साहिब से सांसद अमृतपाल सिंह ने आगामी संसद के बजट सत्र में भाग लेने के लिए परोल की मांग करते हुए पंजाब एवं हरियाणा उच्च न्यायालय का रुख किया है। उनके वकील इमान सिंह खरा के अनुसार, यह याचिका गुरुवार को सुनवाई के लिए सूचीबद्ध है।
अमृतपाल (33) ने यह अर्जी एनएसए की धारा 15 के तहत दाखिल की है, जो अस्थायी रूप से हिरासत में लिए गए व्यक्ति को रिहा करने से संबंधित प्रावधानों को निर्धारित करती है। संसद का बजट सत्र 28 जनवरी से 13 फरवरी (प्रथम चरण) और 9 मार्च से 2 अप्रैल (द्वितीय चरण) तक चलेगा।
अमृतपाल सिंह ने अपनी याचिका में कहा है कि वह संसद में पंजाब में आई 2025 की बाढ़, मादक पदार्थों के दुरुपयोग की बढ़ती समस्या और अपने संसदीय क्षेत्र खडूर साहिब में विकास से जुड़ी चुनौतियों को उठाना चाहते हैं।
इससे पहले भी उन्होंने शीतकालीन सत्र में शामिल होने के लिए परोल की मांग की थी, लेकिन उस याचिका पर बहस पूरी होने से पहले सत्र समाप्त हो गया था, जिससे वह याचिका निष्फल हो गई।
‘वारिस पंजाब दे’ संगठन के प्रमुख अमृतपाल सिंह को अप्रैल 2023 में मोगा जिले के रोडे गांव से गिरफ्तार किया गया था। गिरफ्तारी से पहले उन्होंने एक महीने तक पुलिस को चकमा दिया और लगातार गाड़ी और हुलिया बदलते रहे।
यह कार्रवाई 23 फरवरी 2023 को अमृतसर के अजनाला थाना कांड के बाद शुरू हुई थी, जहां अमृतपाल और उसके समर्थकों ने तलवारें और हथियार लहराते हुए पुलिस स्टेशन में जबरन घुसकर अपने साथी की रिहाई की मांग को लेकर हिंसा की थी।
गिरफ्तारी के बावजूद अमृतपाल सिंह ने 2024 का लोकसभा चुनाव निर्दलीय प्रत्याशी के रूप में खडूर साहिब से लड़ा और जीत दर्ज की। हालांकि, अप्रैल 2025 में उनका एनएसए के तहत डिटेंशन बढ़ा दिया गया था, जबकि अजनाला कांड में गिरफ्तार उनके नौ सहयोगियों को पंजाब लाया जा चुका है।
अब हाईकोर्ट यह तय करेगा कि क्या उन्हें संसद के बजट सत्र में भाग लेने के लिए अस्थायी रूप से रिहा किया जा सकता है या नहीं। अगर अदालत से अनुमति मिलती है तो अमृतपाल सिंह को 28 जनवरी से शुरू हो रहे सत्र में शामिल होने का अवसर मिल सकता है।

