पश्चिम एशिया संकट के बीच LPG कमी पर केंद्र का भरोसा: बॉम्बे हाईकोर्ट ने वितरकों की याचिका निपटाई

पश्चिम एशिया में जारी संघर्ष से उत्पन्न एलपीजी संकट के बीच केंद्र सरकार ने मंगलवार को बॉम्बे हाईकोर्ट को आश्वस्त किया कि घरेलू और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर सभी आवश्यक कदम उठाए जा रहे हैं। इस आश्वासन के बाद नागपुर पीठ ने गैस वितरकों द्वारा दायर याचिका का निस्तारण कर दिया।

नागपुर पीठ के न्यायमूर्ति अनिल किलोर और न्यायमूर्ति राज वाकोडे ने केंद्र सरकार के हलफनामे और प्रस्तुतियों पर भरोसा जताते हुए कहा कि सरकार आम लोगों के हितों की रक्षा के लिए आवश्यक कदम उठा रही है, इसलिए इस याचिका पर आगे विचार करने की आवश्यकता नहीं रह जाती।

READ ALSO  क्या हाईकोर्ट राज्य के राज्यपाल को नोटिस जारी कर सकता है? मद्रास हाईकोर्ट करेगा तय

यह याचिका छह एलपीजी वितरकों द्वारा दायर की गई थी, जिसमें घरेलू रसोई गैस सिलेंडरों की आपूर्ति बढ़ाने की मांग की गई थी। याचिकाकर्ताओं का कहना था कि ईरान युद्ध के कारण वैश्विक स्तर पर कच्चे तेल की आपूर्ति प्रभावित हुई है, जिससे एलपीजी उत्पादन पर असर पड़ा है।

उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि केंद्र द्वारा घरेलू उपभोक्ताओं को प्राथमिकता देने के निर्देश के बावजूद नागपुर स्थित कंपनी कॉन्फिडेंस पेट्रोलियम इंडिया लिमिटेड ने घरेलू गैस आपूर्ति नहीं बढ़ाई।

इस मामले में 12 मार्च को अदालत ने पेट्रोलियम एवं प्राकृतिक गैस मंत्रालय और संबंधित निजी कंपनी को नोटिस जारी किया था।

READ ALSO  हाईकोर्ट ने RBI को याचिकाकर्ता के 1.6 लाख रुपये के पुराने नोटों को बदलने का आदेश दिया- जानिए विस्तार से

सॉलिसिटर जनरल तुषार मेहता ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से अदालत को बताया कि सरकार स्थिति पर लगातार नजर रखे हुए है और यह सुनिश्चित करने के लिए कदम उठा रही है कि अंतरराष्ट्रीय संकट का देश पर न्यूनतम प्रभाव पड़े। उन्होंने कहा कि इस मुद्दे पर कूटनीतिक स्तर पर भी बातचीत जारी है।

मेहता ने अदालत से अनुरोध किया कि सरकार पर भरोसा करते हुए याचिका का निपटारा किया जाए। उन्होंने यह भी कहा कि यदि किसी प्रकार की व्यक्तिगत समस्या है, तो उसे राज्य सरकार के स्तर पर उठाया जा सकता है।

READ ALSO  हरियाणा में नाबालिग सौतेली बेटी से बलात्कार कर उसे गर्भवती करने के जुर्म में व्यक्ति को आजीवन कारावास की सजा

अपने हलफनामे में केंद्र सरकार ने कहा कि वह एलपीजी आपूर्ति से जुड़ी समस्याओं को लेकर पूरी तरह सजग है और यह सुनिश्चित करने के लिए हर संभव प्रयास किए जा रहे हैं कि वितरण और उपलब्धता सुचारु बनी रहे तथा आम लोगों को कोई कठिनाई न हो।

अदालत ने इन आश्वासनों को पर्याप्त मानते हुए याचिका का निस्तारण कर दिया और निर्देश दिया कि घरेलू उपभोग के लिए एलपीजी का भंडारण और वितरण मौजूदा नीति के अनुसार ही किया जाए।

Law Trend
Law Trendhttps://lawtrend.in/
Legal News Website Providing Latest Judgments of Supreme Court and High Court

Related Articles

Latest Articles