दिल्ली हाईकोर्ट ने 16 फरवरी से 23 फरवरी 2026 तक अधिवक्ताओं और पक्षकारों को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से पेश होने की अनुमति दी है। यह व्यवस्था AI Impact Summit और बार काउंसिल ऑफ दिल्ली (BCD) चुनाव के कारण की गई है।
हाईकोर्ट प्रशासन द्वारा 14 फरवरी को जारी परिपत्र में बताया गया कि इन दोनों कार्यक्रमों के दौरान न्यायालय परिसर के आसपास विशेष व्यवस्थाओं और संभावित आवागमन प्रतिबंधों को देखते हुए मुख्य न्यायाधीश ने यह अनुमति प्रदान की है।
AI Impact Summit का आयोजन 16 से 20 फरवरी तक भारत मंडपम में होना है, जो हाईकोर्ट परिसर के निकट स्थित है। इसके बाद 21 से 23 फरवरी तक बार काउंसिल ऑफ दिल्ली के चुनाव हाईकोर्ट परिसर में ही आयोजित किए जाएंगे।
परिपत्र में कहा गया है कि इस अवधि में सूचीबद्ध मामलों में बार के सदस्य और पार्टी-इन-पर्सन वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से उपस्थित हो सकते हैं।
हाईकोर्ट ने स्पष्ट किया कि वर्चुअल पेशी वैकल्पिक है और इस दौरान न्यायालय हाइब्रिड मोड में ही कार्य करेगा। जो अधिवक्ता या पक्षकार भौतिक रूप से उपस्थित होना चाहें, वे ऐसा कर सकेंगे।
AI Impact Summit में वैश्विक नीति-निर्माताओं, उद्योग प्रतिनिधियों और तकनीकी विशेषज्ञों के शामिल होने की संभावना है, जिसके कारण क्षेत्र में सुरक्षा और यातायात संबंधी प्रतिबंध लगाए जा सकते हैं।
इसी को ध्यान में रखते हुए न्यायालय ने कार्यवाही में किसी प्रकार की बाधा न हो, इसके लिए यह अस्थायी व्यवस्था लागू की है।

