कलकत्ता हाईकोर्ट ने एक ऐतिहासिक फैसले में कहा है कि अनुशासनात्मक कार्यवाही आपराधिक अदालत के बरी होने के फैसले को पलट नहीं सकती, जब दोनों ही आरोप समान हों। न्यायमूर्ति तपब्रत चक्रवर्ती और न्यायमूर्ति पार्थ सारथी चटर्जी की पीठ द्वारा दिए गए फैसले में भारतीय रेड क्रॉस सोसाइटी के पूर्व कर्मचारी सुबल मखल की बर्खास्तगी
