वेंजरामूडु में चार हत्याओं के आरोपी ए आर अफान के पिता अब्दुल रहीम ने केरल हाईकोर्ट में याचिका दाखिल कर मलयालम फिल्म कालम परंजा कथा की रिलीज़ पर रोक लगाने की मांग की है। उनका कहना है कि यह फिल्म उनके परिवार से जुड़े हत्याकांड पर आधारित है और इसके रिलीज़ होने से चल रही न्यायिक प्रक्रिया प्रभावित हो सकती है।
अफान पर 24 फरवरी 2025 को वेंजरामूडु में अपने भाई, चाचा, चाची और प्रेमिका की हत्या करने का आरोप है। वह अपनी मां की हत्या की कोशिश के मामले में भी आरोपी है, जो इस हमले में घायल होकर बच गई थीं।
रहीम ने याचिका में कहा है कि फिल्म की कहानी इस जघन्य हत्याकांड से मिलती-जुलती प्रतीत होती है। फिल्म का ट्रेलर देखकर ऐसा लगता है कि यह घटना पर आधारित है, जिससे मीडिया ट्रायल की स्थिति उत्पन्न हो सकती है और गवाहों पर असर पड़ सकता है। उन्होंने तर्क दिया कि इससे आरोपी को निष्पक्ष सुनवाई का अधिकार भी प्रभावित होगा और साथ ही परिवार की प्रतिष्ठा को भी नुकसान पहुंचेगा।
याचिका में यह भी मांग की गई है कि फिल्म के ट्रेलर, टीज़र और अन्य प्रचार सामग्री पर भी रोक लगाई जाए और मुकदमे की सुनवाई पूरी होने तक फिल्म या उससे संबंधित कोई भी कंटेंट जारी न किया जाए।
इस मामले में जिन पक्षों को प्रतिवादी बनाया गया है, उनमें भारत सरकार, केन्द्रीय फिल्म प्रमाणन बोर्ड (CBFC) और इसके क्षेत्रीय अधिकारी, राज्य पुलिस प्रमुख, करुनागप्पल्ली कृष्णनकुट्टी और फिल्म के निर्देशक प्रसाद नूरनाड शामिल हैं।
इस पर प्रतिक्रिया देते हुए निर्देशक प्रसाद नूरनाड ने PTI से कहा कि कालम परंजा कथा का वेंजरामूडु हत्याकांड से कोई लेना-देना नहीं है। उन्होंने कहा, “हालाँकि फिल्म की कहानी भी एक पारिवारिक हत्या के इर्द-गिर्द घूमती है, लेकिन इसका वेंजरामूडु की घटना से कोई संबंध नहीं है। परिवार ने शायद ट्रेलर देखने के बाद यह धारणा बना ली होगी।”
निर्देशक ने यह भी कहा कि वह अदालत के निर्देश पर फिल्म की प्री-रिलीज़ स्क्रीनिंग कराने के लिए तैयार हैं। फिल्म जल्द ही रिलीज़ होने वाली है।

