इलाहाबाद हाईकोर्ट की लखनऊ बेंच ने एक महत्वपूर्ण निर्णय में कहा है कि यदि पुलिस द्वारा प्रस्तुत फाइनल रिपोर्ट (अंतिम रिपोर्ट) को मजिस्ट्रेट द्वारा प्रोटेस्ट याचिका (विरोध याचिका) पर विचार करने और उसे खारिज करने के बाद स्वीकार कर लिया गया है, तो उन्हीं तथ्यों पर दूसरी आपराधिक शिकायत (Complaint Case) पोषणीय नहीं है। जस्टिस
