बॉम्बे हाईकोर्ट ने टीजेएसबी सहकारी बैंक लिमिटेड (TJSB Sahakari Bank Ltd.) द्वारा दायर एक याचिका पर महत्वपूर्ण फैसला सुनाते हुए कहा है कि एक मध्यस्थ (Arbitrator) वादी द्वारा मांगी गई राशि से अधिक ब्याज प्रदान नहीं कर सकता। जस्टिस संदीप वी. मारणे की पीठ ने माना कि दावे से अधिक ब्याज देना ‘प्रत्यक्ष अवैधता’ (Patent
