एक ऐतिहासिक फैसले में, पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट ने घोषित किया है कि लिव-इन रिलेशनशिप में रहने वाले नाबालिग भारतीय कानून के तहत अनुबंध करने में अक्षम होने के कारण न्यायालय से कानूनी सुरक्षा मांगने के हकदार नहीं हैं। यह फैसला न्यायमूर्ति सुरेश्वर ठाकुर और न्यायमूर्ति सुदीप्ति शर्मा की खंडपीठ ने सीआरडब्ल्यूपी संख्या 4660/2021, सीआरडब्ल्यूपी
