भारत के नौ हाईकोर्ट में 13 जजों की नियुक्ति की गई

न्यायपालिका को मजबूत करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाते हुए, केंद्र सरकार ने देश के नौ अलग-अलग हाईकोर्ट में 13 जजों की नियुक्ति को मंजूरी दी है। इन नियुक्तियों में वर्तमान अपर जजों की पदोन्नति के साथ-साथ बार और न्यायिक सेवा से नए जजों की नियुक्ति शामिल है।

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हाईकोर्ट में नियुक्तियां

मद्रास हाईकोर्ट के दो अपर जजों को जज के रूप में नियुक्त किया गया है
  • जस्टिस वेंकटाचारी लक्ष्मीनारायणन (अपर जज)
  • जस्टिस पेरियासामी वडामलाई (अपर जज)
तेलंगाना हाईकोर्ट के दो अपर जजों को जज के रूप में नियुक्त किया गया है
  • जस्टिस लक्ष्मीनारायण अलीशेट्टी (अपर जज)
  • जस्टिस अनिल कुमार जुकांति (अपर जज)
  • न्यायमूर्ति सुजाना कलसिकम (अपर जज)
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मध्य प्रदेश हाईकोर्ट
  • आशीष श्रॉटी (एडवोकेट) को जज के रूप में नियुक्त किया गया।
उत्तराखंड हाईकोर्ट
  • आलोक महरा (एडवोकेट) को जज के रूप में नियुक्त किया गया।
दिल्ली हाईकोर्ट
  • तेजस धीरेंभाई कारिया (एडवोकेट) को जज के रूप में नियुक्त किया गया।
पंजाब और हरियाणा हाईकोर्ट में निम्न को अपर जज के रूप में नियुक्त किया गया है
  • हरमीत सिंह ग्रेवाल (एडवोकेट, अपर जज के रूप में नियुक्त)
  • दीपिंदर सिंह नलवा (एडवोकेट, अपर जज के रूप में नियुक्त)
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कर्नाटक हाईकोर्ट में निम्न को अपर जज के रूप में नियुक्त किया गया है
  • ताज अली मौलासब नदाफ (एडवोकेट, अपर जज के रूप में नियुक्त)
गौहाटी हाईकोर्ट में निम्न को अपर जज के रूप में नियुक्त किया गया है
  • यारेनजुंगला लोंगकुमेर (न्यायिक अधिकारी, अपर जज के रूप में नियुक्त)
कलकत्ता हाईकोर्ट में निम्न को अपर जज के रूप में नियुक्त किया गया है
  • चैताली चटर्जी (दास) (न्यायिक अधिकारी, अपर जज के रूप में नियुक्त)

इन नियुक्तियों का महत्व इसलिए भी बढ़ जाता है क्योंकि कई हाईकोर्ट में लंबित मामलों की संख्या लगातार बढ़ रही है। अनुभवी एडवोकेट्स और न्यायिक अधिकारियों की इस नई नियुक्ति से न्यायिक व्यवस्था को मजबूती मिलेगी और मामलों के शीघ्र निपटारे में मदद मिलेगी।

यह कदम देश में न्यायपालिका को मजबूत करने और लंबित मामलों के शीघ्र समाधान को सुनिश्चित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण प्रयास को दर्शाता है।

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