दिल्ली हाईकोर्ट ने शुक्रवार को देश की आज़ादी के लिए अपने प्राणों की आहुति देने वाले वीरों की स्मृति में सुबह 11 बजे दो मिनट का मौन रखा।
मुख्य न्यायाधीश डी. के. उपाध्याय की अदालत में यह मौन रखा गया। अदालत के कोर्ट मास्टर ने सभी से अनुरोध किया, “भारत की स्वतंत्रता संग्राम के दौरान अपने प्राणों की आहुति देने वाले वीरों की स्मृति में कृपया सभी दो मिनट का मौन रखें।”
इसके बाद अदालत की कार्यवाही कुछ समय के लिए रोकी गई और न्यायाधीश, अधिवक्ता, स्टाफ और मौजूद लोग मौन खड़े रहे। दो मिनट पूरे होने पर कोर्ट मास्टर ने मौन समाप्त होने की घोषणा की।
यह श्रद्धांजलि शहीद दिवस के अवसर पर दी गई, जो हर वर्ष 30 जनवरी को महात्मा गांधी की पुण्यतिथि पर मनाया जाता है। 1948 में आज ही के दिन राष्ट्रपिता महात्मा गांधी की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। इस दिन देशभर में विभिन्न संस्थानों और कार्यालयों में स्वतंत्रता सेनानियों को श्रद्धांजलि अर्पित की जाती है।

