इलाहाबाद हाईकोर्ट ने कैदियों की जमानत पर रिहाई में होने वाली देरी के “दुष्प्रभाव” (menace) को समाप्त करने के उद्देश्य से कई महत्वपूर्ण दिशा-निर्देश जारी किए हैं। न्यायमूर्ति अरुण कुमार सिंह देशवाल ने उत्तर प्रदेश सरकार को जिला अदालत परिसरों में ही ज़मानतदारों का इलेक्ट्रॉनिक सत्यापन (electronic surety verification) स्थापित करने का निर्देश दिया है।
