एक महत्वपूर्ण निर्णय में, इलाहाबाद हाईकोर्ट ने फैसला सुनाया कि इंटरमीडिएट योग्यता (कक्षा 12) वाले छात्र डिप्लोमा इन एलीमेंट्री एजुकेशन (डी.एल.एड.) पाठ्यक्रम में प्रवेश के लिए पात्र हैं। न्यायालय ने एक विवादास्पद सरकारी आदेश को रद्द कर दिया, जिसमें सरकारी संस्थानों में पाठ्यक्रम के लिए न्यूनतम योग्यता के रूप में स्नातक होना अनिवार्य किया गया
